मैदानी अमले के अधिकारी-कर्मचारियों के साथ आम नागरिकों से की अपील
महासमुंद। कलेक्टर कार्तिकेया गोयल ने जिले के अधिकारी-कर्मचारियों से खासकर स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों से अपेक्षा की है कि वे कार्य के अतिउत्साह में मानसून के दौरान भारी बारिश में नजदीक रास्त के चलते उफनते नदी-नालों को पैदल पार नहीं करें, किसी प्रकार का जोखिम नहीं उठायें । आवाजाही के लिए पुल-पुलियों का इस्तेमाल करें, जोखिम भरे शॉटकट रास्ता से आवाजाही कतई न करें । ड्यूटी के समय सुरक्षा मानकों का पूरा पालन करें। जरूरी होने पर जिला अधिकारियों या जिÞला स्तर पर स्थापित आपदा प्रबंधन केन्द्र ड्यूटी पर उपलब्ध अधिकारी-कर्मचारी से संपर्क कर सकते है ।
उन्होंने कहा कि हाल ही में कुछ कर्मचारियों की जोखिम भरे नदी-नाले पार करने की तस्वीर सामने आयी है । जो कतई काबिले तारीफ नही है ।अधिकारी-कर्मचारी के साथ आम नागरिक भी अपनी जिदगी खतरे में न डाले । बेहतर रास्तों का इस्तेमाल करें । चाहें उसमें समय अधिक लगें। कलेक्टर ने जारी संदेश में कहा कि हर व्यक्ति की जिÞदगी अनमोल है। अपना और अपने परिवार को ध्यान में रखते हुए सुरक्षित कर्तव्य व दायित्व का निर्वहन करें । उन्होंने जिले की जनता से भी अनुरोध किया की वे भी ऐसे जोखिम भरे शॉटकट रास्ते का इस्तेमाल न करें । बतादें कि जिले केअंदरूनी इलाकों में लोगों को डायरिया व रोकथाम एवं जल स्वच्छता प्रचार अभियान स्वास्थ्य विभाग एवं जिला प्रशासन की ओर से समय-समय पर चलाया जाता है । खास कर मानसून के चलते लोगों को इसके लिए जागरूक किया जाता है ।बरसात के मौसम में होने वाली मौसमी बीमारियों और कोविड-19 से बचने व रोकथाम एवं नियंत्रण के लिए स्वास्थ्य अमला भी लोगों को जागरूक कर रहा है ।महिला बाल विकास द्वारा गर्भवती महिलाओं, शिशुवती माताओं और एनिमिक किशोरी बालिकाओं व महिलाओं का आयरन एवं कैल्शियम गोली के साथ ही रेडी टू का वितरण भी किया जा रहा है । जिले में गिरदावरी का काम भी चालू है । राजस्व अमला इस कार्य में लगा है।